ख़ुदा की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको,सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
कबूल हो सबको तुम,मिलना एसी ख़ुशी बनकर।
अगर मिलना हो तो मिलना,मेरी जिन्दगी बनकर।
साथ देना भी हो तो देना,एक दिलरुबा की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको,सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
प्यार हमारा हो अगर नामंजूर, तो कह दो।
मगर दिल की बात सनम,तुम जरुर कह दो।
कही लग जाए न तेरी हाय,बददुआ की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको, सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
ए सनम यूँ न मुझको देखो, न मुझको सताओ।
दूर जाना है तो जाना,दो पल बाँहों में तो आओ।
फिर जाना'जाती है बहार,रूठकर फिजा की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको,सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
क्या समझे तुमको और,क्या सनम तुम हो गए।
छोरकर ख्यालो में हमको,क्यूँ गुमशुम हो गए।
दो आवाज़ फिर से मुझको मेरी सुधा की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको, सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
कट रही जिन्दगी,सनम बड़ी मुश्किल से है।
तेरा मुझसे वास्ता,यहाँ सनम मेरे दिल से है।
छोड़ जाना न मुझको,किसी बेवफा की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको, सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
मत पूछ कैसे मैंने वो लम्हे गुजारे है।
आज भी ये जिंदगी सिर्फ तेरे सहारे है।
घड़ी-घड़ी कट रही है,जिंदगी जुआ की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको,सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।
न खेल खेल ए सनम, जो खेल दिल का है।
होता है हस्र बुरा, ये काम तो कातिल का है।
आशिक बदलना ठीक नहीं,सनम अदा की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको,सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।।
जल रहे है जो यहाँ अफसाने कोई और नहीं।
तेरे महफ़िल बैठे थे,ये दीवाने कोई और नहीं।
मै भी जला हूँ सनम,तेरे प्यार में दिया की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको, सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम तो एक दुआ की तरह।।
मिलो भी जिंदगी में तुम तो एक दुआ की तरह।।
आज फिर मेरी बातों को समझना तुम।
फिर से अपनी वादों से, न मुकरना तुम।
न दिल तोर के हंसना,किसी बेहया की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको, सनम ख़ुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो'एक दुआ की तरह।
फिर से तेरी नजरो कहाँ,एसा दीवाना मिलेगा।
तेरे हुश्न को समांले,कहाँ एसा पैमाना मिलेगा।
दो प्यार मुुुझें सारा,भलें क्यूँ न हो सजा की तरह।
मैंने चाहा है यहाँ तुमको,सनम खुदा की तरह।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो' एक दुआ की तरह।।
मिलो भी जिंदगी में तुम,तो' एक दुआ की तरह।।
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